
संगीत व नृत्य एक ऐसा माध्यम है जिससे मनुष्य को सकून मिलता है और वह अपने तनाव को भूल जाता है। बाल मन बेहद कोमल होता है। हमारे आसपास ऐसी ढेरों घटनाएं होती हैं, जिनकी असर बच्चों के दिमाग पर पड़ता है। प्रयोग फाउंडेशन की टीम को पता चला कि पंचकूला के आसपास बसी आवासीय कालोनियों में रहने वाले बच्चे गाइडेंस के अभाव में गलत दिशा में चल रहे हैं।
ग्राउंड जीरो पर जाकर जब कालोनियों का सर्वे किया गया तो पता चला कि यहां रहने वाले बच्चों में प्रतिभा तो है लेकिन उसे निखारने और प्रस्तुत करने के लिए कोई मंच नहीं है। यह बच्चे रोजाना अपने तथा आसपास के घरों में होने वाली लड़ाई को देखकर विचलित होते थे। शराब के नशे में धुत्त होकर पुरूष किस तरह से महिलाओं को पीटते हैं। इन सब घटनाओं का बच्चों के मन पर गहरा असर होता है। इन परिस्थितियों को देखते हुए प्रयोग फाउंडेशन द्वारा प्रोजैक्ट इंचार्ज एवं समाज सेविका शिवांगी बंसल के नेतृत्व में निर्भय डांस अकादमी का गठन किया गया।
इस अकादमी ने बीपीएल श्रेणी के बच्चों का चयन किया और उन्हें संगीत व नृत्य का प्रशिक्षण दिलाना शुरू किया। कुछ पलों के लिए ही सही यह बच्चे निर्भय डांस अकादमी के संपर्क में आने के बाद अपने तनाव को भूलने लगे और संगीत व नृत्य के साथ-साथ पढ़ाई के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने लगे। निर्भय डांस अकादमी के माध्यम से अभी तक करीब ढाई हजार बच्चों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। इनमें से बहुत से बच्चों ने अब डांस व म्यूजिक को ही अपना करियर बना लिया है। इनमें से बहुत से बच्चे राज्य व राष्ट्रीय स्तर के मंचों पर अपनी प्रतिभा दिखा चुके हैं।